दीनानाथ घास एक ऐसा हरा चारा है जिसे देश के हर इलाके में उगाया जा सकता है

इसकी बुआई खरीफ़ में जून-जुलाई की बारिश के मौके पर की जाती है

दीनानाथ घास में अत्यधिक कल्ला उत्पादन क्षमता है, इसकी पत्तियां लम्बे समय तक हरी-भरी रहती है

भारत में बिहार, बंगाल, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में खेती की जा सकती है

दीनानाथ घास का मूल स्थान इथियोपिया है, लेकिन इसकी खेती अफ्रीका व एशिया में होती है

एक बार बुआई करने के बाद दीनानाथ घास खेत में 3-4 साल तक अपने आप उगती रहती है

दीनानाथ घास को ख़राब, कम उपजाऊ और परती भूमि पर उगाया जाता है